Click here to submit
देश और विदेश के शाकाहारी जैन रेस्तराँ एवं होटल की जानकारी के लिए www.bevegetarian.in विजिट करें देश और विदेश के जैन मंदिरों एवं जिनालय की जानकारी के लिए www.jaintemple.in विजिट करें Apple Store - आचार्यश्री विद्यासागरजी के वॉलपेपर फ्री डाउनलोड करें Apple Store - जैन टेम्पल आईफोन/आईपैड पर Apple Store - शाकाहारी रेस्टोरेंट आईफोन/आईपैड पर दिगंबर जैन टेम्पल/धर्मशाला Android पर शाकाहारी रेस्टोरेंट Android पर आचार्यश्री के वॉलपेपर Android पर Youtube - आचार्यश्री विद्यासागरजी के प्रवचन देखिए Youtube पर आचार्य श्री की जानकारी अब Facebook पर

साहित्य

5,579 views

आचार्यश्री द्वारा रचित अनुपम कृति महाकाव्य ‘मूकमाटी’
कन्नड़, बंगाली, मराठी, गुजराती व अंग्रेजी भाषा में भी उपलब्ध
मीमांसा तीनों खंड व मूकमाटी संगोष्ठी स्मारिका उपलब्ध
MukMati

यह महाकाव्य पढ़ना चाहें तो आप इस पते पर संपर्क कर यह महाकाव्य प्राप्त कर सकते हैं।
अनुमानित कीमत 200 रुपए

सपर्क सूत्र : डॉ. आर.के जैन
पता : 53/9B, साकेत नगर, भोपाल
मोबाइल : +91-94244-69101
बैंक खाता क्र. 10625231219

____________________________________________________________________

हिंदी, संस्कृत, अंग्रेजी आदि में अब तक प्रकाशित प्रमुख रचनाएँ:
  • ‘नर्मदा का नरम कंकर’
  • ‘डूबो मत, लगाओ डुबकी’
  • ‘तोता रोता क्यों’
  • ‘मूकमाटी’
काव्य-कृतियाँ
  • ‘गुरुवाणी’
  • ‘प्रवचन-पारिजात’
  • ‘प्रवचन-प्रमेय’
कविता
आचार्य कुंदकुंद के ‘समयसार’, ‘नियमसार’, ‘प्रवचनसार’ तथा ‘जैन गीता’ (समणसुत्तं) आदि डेढ़ दर्जन ग्रंथों का पद्यानुवाद। अनेक शतकों की रचना।
संत काव्य की परंपरा में राष्ट्रीय स्तर की ख्याति। वर्तमान में ग्राम, नगर तथा तीर्थक्षेत्रों पर विहार करते हुए अपने हित-मित वचनामृत से जन-कल्याण में निरत और साधना की उच्चतर सीढ़ियों पर सतत आरोहण।
साहित्य प्राप्ति स्थल
अमर ग्रंथालय
श्री दिगम्बर जैन उदासीन आश्रम,
५८४, महात्मा गाँधी मार्ग,
इन्दौर (मध्य प्रदेश) भारत
दूरभाष – +91-731-2545744

9 Responses to “साहित्य”

Comments (9)
  1. SIR I WANT TO PURCHASE JAINSM OLD BOOK EDITION NAME LAGHU VIDHYA ANUVAAD IF U HAD IT THEN KINDLY CALL BACK OR GIVE ME CALL ON +919462211313

  2. SIR I WANT TO PURCHASE JAINSM OLD BOOK EDITION NAME LAGHU VIDHYA ANUVAAD IF U HAD IT THEN KINDLY CALL BACK OR GIVE ME CALL ON +919311011077

  3. SIR I WANT TO PURCHASE JAINSM OLD BOOK EDITION NAME LAGHU VIDHYA ANUVAAD IF U HAD IT THEN KINDLY CALL BACK

  4. SIR I WANT TO PURCHASE JAINSM OLD BOOK EDITION NAME LAGHU VIDHYA ANUVAAD IF U HAD IT THEN KINDLY CALL BACK. MY NUMBER IS – 09915370367, 08968581990

  5. sir,i want to get jain dharma old book “Laghu Vidhya Anuvad”, if you had it kindly call my mobile No
    +919893107541

  6. Sir
    me laghu vidhya anuvad granth apne jain mandir k liye khridna chahta hu plz rply me call back
    my no. Is. 08058428675

  7. SIR I WANT TO PURCHASE JAINSM OLD BOOK EDITION NAME LAGHU VIDHYA ANUVAAD IF U HAD IT THEN KINDLY CALL BACK OR GIVE ME CALL ON 09416491346

  8. quey about the laghu vidya anuvaad written by aacharya kun kund KINDLY CALL BACK OR GIVE ME CALL ON 09416491346

  9. PUJYA SHREE JI I WANT TO PURCHASE JAINSM OLD BOOK EDITION NAME LAGHU VIDHYA ANUVAAD IF U HAD IT THEN KINDLY CALL BACK. MY NUMBER IS – 07792038897

    THANKS IN ADVANCE

Leave a Reply

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <s> <strike> <strong>

(required)

(required)

Comment body must not contain external links.Do not use BBCode.
© 2017 vidyasagar.net Designed, Developed & Maintained by: Webdunia